पीडीडीयू नगर के एक होटल में आयोजित साहित्यकार और कवियों की ओर से प्रस्तुती करते हुए
पीडीडीयू नगर। नगर के एक होटल में स्वतंत्रता दिवस के उपलक्ष्य में रविवार की देर शाम तक उर्दू शिक्षक चंदौली व मीरास फाउंडेशन लखनऊ के तत्वाधान में महफिले मुशायरा एवं कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया । जिसकी अध्यक्षता प्रसिद्ध उस्ताद शायर आबिद हाशमी मंच संचालन डॉ अज़हर साईद डायट लेक्चरर (उर्दू) ने किया ।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त शायर अदीब आतीक़ अंज़र (दोहा क़तर) की उपस्थिति ने मुशायरा और कवि सम्मेलन को अंतरराष्ट्रीय स्तर का बना दिया । विशिष्ट अतिथि के तौर पर उपस्थित प्रो नसीम अहमद पूर्व विभाग अध्यक्ष उर्दू काशी हिंदू विश्वविद्यालय ने स्वागत भाषण देते हुए स्वतंत्रता आंदोलन के संक्षिप्त इतिहास पर प्रकाश डाला । उन्होंने कहा कि तिरंगा भारत का पहचान ही नही हम सभी भारतीयों का सम्मान है। इस अवसर पर उनकी दो प्रमुख पुस्तकों इंतखाब ए ग़ज़लियत ए सौदा, मुसहफ़फ़ी का दीवान ए हशतुम और मसानवी बहररात मोहब्बत का विमोचन भी मुख्य अतिथि अति कंजर और अध्यक्ष आबिद हाशमी के हाथों किया गया। मुशायरा एवं कवि सम्मेलन में मुख्य रूप से स्वतंत्रता आंदोलन के वीर सपूतों के बलिदानों को याद करते हुए वर्तमान राजनीतिक एवं सामाजिक परिस्थितियों एवं हिंदू मुस्लिम एकता पर शायरी और कविताएं प्रस्तुत की गयी।
इस मौके पर मुख्य रूप से डॉ शाद मशरिकी, अहमद आज़मी, जमजम रामनगरी, सुहैल उसमानी, आलम बनारसी, आकाश मिश्रा सुरेश अकेला डॉ नवीन, इशरत जहां ज़िया अहसानी, अशफ़ाक़ुर रहमान शरर, कासीमुद्दीन, दानिश इकबाल, तथा शफ़ाअत अली शकूराबादी सहित अन्य काफी संख्या में श्रोता मौजूद रहे।
