डेढ़ माह से कस्बा के मस्लिम बस्ती में सड़क पर बजबजा रहा नाबदान का पानी
प्रधान और सचिव के आश्वासन के बाद भी नहीं हो पाया साफ सफाई
सकलडीहा कस्बा के जामा मस्जिद और मंदिर मार्ग पर बजबजा रहा गंदा नाला का पानी को लेकर विरोध जताते ग्रामीण
सकलडीहा। विकास खंड और सदर मुख्यालय का सबसे बड़ा गांव सकलडीहा कस्बा होने के बाद भी साफ सफाई को लेकर विभागीय कोरम पूर्ति होने से कस्बावासियों में भारी आक्रोश है। जामा मस्जिद और काली मंदिर मार्ग पर जाने वाली मार्ग पर बीते डेढ़ माह से नाबदान का पानी सड़क पर बजबजा रहा है। शिकायत पर प्रधान और सचिव एक सप्ताह के अंदर समस्या दूर करने का आश्वासन दिया था। सोमवार को दो व्रती महिला नाबदान के पानी में गिर जाने से ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। प्रधान और सचिव के खिलाफ विरोध जताते हुए जिला प्रशासन से साफ सफाई की मांग उठाया। वही सचिव ने बताया कि प्रधान को अवगत कराया गया है। शीध्र ही समस्या का समाधान कराया जायेगा।
सकलडीहा कस्बा एक से पन्द्रह वार्ड है। जहां पांच से दस हजार लोग रहते है। कस्बा के एक से आठ वार्ड तक के ग्रामीणों का इसी मार्ग से होकर जामा मस्जिद,शिव मंदिर और काली माता मंदिर पर पूजा अर्चना के लिये जाते है। बीते डेढ माह से गंदा नाला जाम हो जाने से सड़क पर नाबदान का पानी बह रहा है। जिसकी शिकातय ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान और सचिव से किया था। मौके पर पहुंचे सचिव और प्रधान ने एक सप्ताह के अंदर समस्या का निदान करने का भरोशा दिया था। इसके बाद भी साफ सफाई तो दूर सफाई कर्मी भी कभी झाड़ू तक लगाने नहीं आया। सोमवार को सुबह दो महिलायें दर्शन पूजन के लिये शिव मंदिर जा रही थी। अचानक पैर फीसल जाने से दोनों महिलाये एक दूसरे को बचाने में नाबदान के पानी में गिर गयी। ग्रामीणों ने दौड़कर दोनो महिलाओं को उठाया। महिलाओं के जाने के बाद ग्रामीणों ने प्रधान और सचिव व सफाई कर्मी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। जिला प्रशासन से समस्या का समाधान कराये जाने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाया। इस मौके पर विरोध जताने वालों में श्याम केशरवानी,बंसत कुमार,इकरामुद्दीन,अजय जायसवाल,साबीर,नासिर अली, शिवानी,अमित,पिंटू चौरसिया सहित अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।
