बाढ़ से कुल 70 गांव प्रभावित पांच आबादी वाले गांव में घुसा बाढ़ का पानी
बाढ़ से प्रभावित कृषि योग्य भूमि 2912 हेक्टयर प्रभावित 17 नावों का किया गया संचालन
सकलडीहा। गंगा में बढ़ते जलस्तर को लेकर तहसील प्रशासन की ओर से तैयारी तेज कर दिया गया है। बाढ़ चौकी से लेकर शरणालय और नावों की व्यवस्था किया गया है। इसके साथ ही प्रधान से लेकर कोटेदार और अधिकारी सहित राजस्व कर्मियों को विभिन्न क्षेत्र की जिम्मेदारी सौपा गया है। एसडीएम कुंदन राज कपूर ने चेताया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों की सूचना समय से नही देने पर संबधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जायेगी।
तहसील क्षेत्र में सकलडीहा, धानापुर और चहनिया तीन ब्लॉक है। सबसे ज्यादा चहनिया और धानापुर का क्षेत्र बाढ़ से प्रभावित होता है। बाढ़ को देखते हुए प्राथमिक विद्यालय भुपौली, नादी,टांडाकला, नरौली, अमादपुर, डबरिया, और बीरासराय में बाढ़ चौकी बनाया गया है। कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय नेकनामपुर, प्राथमिक विद्यालय मारूफपुर को मॉडल बाढ़ राहत चौकी बनाया गया है। जहां बीईओ,बीडीओ,नायब तहसीलदार,एडीओ पंचायत व पशुचिकित्साधिकारी को जिम्मेदारी सौपा गया है। इनके अलावा 13 अन्य अधिकारियों को बाढ़ शरणालय में आने वाले लोगों को रहने व भोजन की जिम्मेदारी दी गयी है। इसके साथ ही बाए़ से प्रभावित 72 गांव के प्रधान और कोटेदारों को जिम्मेदारी सौपा गया है।
इनसेट में….
बाढ़ से प्रभावित गांव के लिये खुला कन्ट्रोल रूम
बाढ़ से प्रभावित गांव के लोगों की सहायता के लिये तहसील परिसर में 24 घंटा सेवा देने के लिये कंट्रोल रूम खोला गया है। जहां बाढ़ प्रभावित गांव के लोग 05412-246474 पर फोन करके समस्या को अवगत करा सकते है। इसके अलावा एसडीएम और तहसीलदार और अपर जिलाधिकारी के सरकारी नंबर पर सूचना दे सकते है।
