उकनी वीरमराय गांव में शहीद पुलिस जवान दुर्गेश सिंह के परिजनों से चर्चा करते हुए सांसद और विधायक प्रभुनारायण सिंह यादव
सकलडीहा। कोतवाली क्षेत्र के उकनी वीरमराय गांव निवासी 35 वर्षीय हेड कांस्टेबल दुर्गेश कुमार सिंह को पशु तस्करों ने पीकअप वाहन से रौंदते हुए फरार होगये। इलाज के दौरान पुलिस कर्मी की मौत होगयी। घटना के बाद विभागीय महकमा और परिजनों में हड़कंप मच गया। बुधवार को सपा सांसद वीरेन्द्र और विधायक प्रभुनारायण सिंह यादव सपा प्रवक्ता मनोज सिंह काका के साथ पहुंचकर परिजनों को ढ़ाढ़स दिया। वही परिजनों ने सपा नेताओं की ओर से किसी प्रकार का आश्वासन नहीं मिलने पर मायूसी दिखी।
उकनी वीरमराय गांव निवासी दीनानाथ सिंह के दो पुत्र राजीव रंजन सिंह और दुर्गेश कुमार सिंह और चार पुत्री है। राजीव रंजन एयरफोर्स में तैनात है। वही दुर्गेश सिंह जौनपुर के चंदवक थाना में बतौर हेड कांस्टेबल तैनात थे। बीते शनिवार को गोवंश तस्करों की गाड़ी रोकते समय पशुतस्करों ने पीकअप से रौंदते हुए दुर्गेश सिंह को मौत के नींद सुला दिया। घटना के बाद पुलिस महकमा में खलबली मच गया। वही परिजनों में कोहराम मच गया। जौनपुर एसपी और चदौली एसपी सहित जनप्रतिनिधि घर से लेकर बलुआ घाट तक अंतिम संस्कार तक शामिल रहे। घटना के चार दिन बाद भी परिजनों के आंखों का आसूं रूक नहीं रहा है। बुधवार को सपा सांसद वीरेन्द्र सिंह,विधायक प्रभुनारायण सिंह यादव, सपा प्रवक्ता मनोज सिंह काका,सपा जिलाध्यक्ष सत्य नारायण राजभर पार्टी के पदाधिकारियों के साथ परिजनों से मिलकर वापस लौट गये। वही परिजनों ने बताया कि नेगुरा में एक घटना होने पर पीडीए के नाम पर सपा मुखिया के निर्देश पर नेता विपक्ष के साथ पूरा प्रतिनिधि मंडल पहुंच जाते है। लेकिन इतना बड़ा हादसा होने के बाद सपा नेता आये और मिलकर वापस लौट गये। किसी प्रकार का कोई ठोस आश्वासन नहीं देने पर परिजनों में मायूसी रही। इस मौके पर पूर्व प्रधान भोला यादव,बंटू सिंह,संतोष सिंह,सिंटू यादव,सत्यप्रकाश पुत्तुल, राजेश यादव,पंमपंम सिंह सहित अन्य मौजूद रहे।
