मनियारपुर में बंद पड़ा आगनबाड़ी केन्द्र और पंचायत भवन
सकलडीहा। विकसीत उत्तरप्रदेश और भारत बनाने के लिये जिले के सीडीओ सहित अधिकारी ब्लॉक में पहुंचकर लोगों को जागरूक कर रहे है। वही मनियारपुर में पंचायत भवन और आगनबाड़ी केन्द्र बंद होने से शोपीश बनकर रह गया है। गांव के नौनिहाल से लेकर पंचायत में मिलने वाली सुविधा से ग्रामीण अनजान है। इसके बाद भी विभागीय अधिकारी विकास का दावा कर रहे है। यही नही लाखों रूपये खर्च करके बनायी गयी भवन में शिक्षा से नौनिहाल और ग्रामीण योजना से वंचित है। जिसे लेकर लोगों में आक्रोश पनपने लगा है।
विकास खंड से चंद दूरी पर करीब 7 किलोमीटर दूरी पर मनियारपुर गांव है। जहां गांव की विकास और ग्रामीणों को योजना के तहत जागरूक करने और योजनाओं का लाभ दिलाने के लिये लाखों रूपये खर्च करके पंचायत भवन और आगनबाड़ी केन्द्र बनाये गये है। जिससे भविष्य के नौनिहालों को शिक्षा के माध्यम से जोड़ा जा सके। यही नही गांव के बने पंचायत भवन से सरकार द्वारा संचालित आय जाति निवास,पीएम आवास,सीएम आवास सहित विभिन्न प्रकार की सुविधा का लाभ मिल सके। लाखो रूपये खर्च करके पंचायत भवन को डिजिटल किया जा रहा है। जिससे ग्रामीणों को अनावश्यक रूप से ब्लॉक और तहसील का चक्कर न काटना पड़े। इसके बाद भी विकास के नाम पर कोरा आश्वासन ग्रामीणों को मिल रहा है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि पंचायत भवन में जब मनरेगा का पैसा मिलना होता है तो खुलता है। आगनबाड़ी केन्द्र पर तो बच्चे दिखायी नहीं देते है। ऐसे में सरकार द्वारा चलायी जा रही पुष्टाहार से लेकर तमाम योजना कहा जाता है। ग्रामीणों ने अनभिज्ञता जताया। इस बाबत ग्राम प्रधान अमरनाथ ने बताया कि पंचायत भवन और आगनबाड़ी केन्द्र को समय से खोला जाता है। आगनबाड़ी नियुक्त् हुई है। पंचायत भवन पर बीसी सखी रहती है। इस बाबत एसडीएम कुंदन राज कपूर ने बताया कि ग्रामीणों की शिकायत की जांच कराया जायेगा। नियमित आगनबाड़ी केन्द्र और पंचायत भवन का संचालन कराया जायेगा। इसके लिये संबधित विभाग को निर्देशित किया जायेगा।
